
108 कमल पुष्प से कमलार्चन किया और चुनरी चढ़ाई।
*विजय मंदिर का अवलोकन कर कहा विजय मंदिर की भी न्याय की लड़ाई शीघ्र प्रारंभ होंगी

धार। माँ सरस्वती मंदिर भोजशाला प्रकरण में हिंदू समाज की ऐतिहासिक विजय एवं माननीय उच्च न्यायालय द्वारा हिंदू समाज के पक्ष में दिए गए गौरवपूर्ण निर्णय के उपलक्ष्य में हिन्दू फ्रंट फॉर जस्टिस की राष्ट्रीय अध्यक्ष रंजना जी अग्निहोत्री 27 मई को धार पहुंची।

उनके साथ हिंदू फ्रंट फार जस्टिस के प्रदेश अध्यक्ष एवं याचिकाकर्ता आशीष जनक , धार के एकमात्र याचिकाकर्ता आशीष गोयल, याचिकाकर्ता मोहित गर्ग, हाईकोर्ट एडवोकेट विनय जोशी, इंजी. भावेश गुप्ता एवं समाजजन उपस्थित थे।

रंजना जी अग्निहोत्री के धार आगमन पर हिंदू समाज में खुशी की लहर है और समाजजन ने उन्हें धन्यवाद प्रेषित किया है।
भोजशाला प्रकरण की लड़ाई पूरी होने पर धार के हिन्दू समाजजन ने उन्हें विजय मंदिर की स्थिति भी बताई।
रंजना जी अग्निहोत्री ने हिंदू फ्रंट फॉर जस्टिस की टीम के साथ विजय मंदिर का दौरा किया और शीघ्र ही इसके लिये कानूनी लड़ाई प्रारंभ करने की बात कही।
इसके पूर्व अग्निहोत्री जी धार के अधिष्ठाता धारेश्वर मंदिर पहुंची और भगवान धारनाथ से आशीर्वाद प्राप्त किया।
माँ सरस्वती मंदिर भोजशाला पहुंचकर मां वाग्देवी की पूजा, अर्चना आरती करी। माता जी को चुनरी, साड़ी और सुहाग का सामान भेंट किया।
अपने साथ लाये 108 कमल पुष्पों को अर्पित कर कमलार्चन किया।
इस अवसर पर रंजना दीदी अग्निहोत्री ने मीडिया से कहा कि हाईकोर्ट के निर्णय से यह पूरे हिंदू समाज की जीत हुई है। हम हमारा पक्ष माननीय सर्वोच्च न्यायालय में भी दमदारी से रखेंगे।
हिंदू फ्रंट फॉर जस्टिस के प्रदेश उपाध्यक्ष आशीष गोयल ने बताया कि भोजशाला का प्रकरण माननीय उच्च न्यायालय इंदौर खंडपीठ में याचिका क्रमांक 10497 को मई 2022 में रंजना जी अग्निहोत्री,आशीष जनक, आशीष गोयल, सुनील सारस्वत, मोहित गर्ग ने ही दाखिल किया है।
5 फरवरी 2024 को इसी याचिका अंतर्गत याचिकाकर्ता द्वारा भोजशाला के वैज्ञानिक सर्वेक्षण की मांग की गई।जिस पर कि माननीय न्यायालय ने आगामी कार्रवाई करते हुए 11 मार्च 2024 को पुरातत्व विभाग को वैज्ञानिक सर्वेक्षण का आदेश दिया और 22 मार्च 2024 से 27 जून 2024 तक 98 दिन तक सर्वे हुआ। यह सर्वेक्षण भी निर्णय का एक आधार बना।
इसी याचिका अंतर्गत सुप्रीम कोर्ट ने 22 जनवरी 2026 को बसंत पंचमी,शुक्रवार के दिन भर अबाधित पूजा का आदेश दिया और फिर प्रकरण पुनः निर्णय हेतु उच्च न्यायालय लौटाया। जहां लगातार सुनवाई के बाद हिंदू समाज के पक्ष में फैसला आया।
इंदौर हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट नईदिल्ली में हिंदू फ्रंट फॉर जस्टिस की ओर से पैरवी माननीय श्री हरिशंकर जी जैन,माननीय श्री विष्णु शंकरजी जैन,रंजनाजी अग्निहोत्री,श्री पार्थ यादव,श्री विनय जोशी, श्रीमती मणि मुंजाल, श्री सौरभ सिंह कर रहे हैं।
सुश्री रंजनाजी अग्निहोत्री ने 2024में भोजशाला के सर्वेक्षण में भी सहभागिता की थी।
उल्लेखनीय है कि रंजनाजी अग्निहोत्री ने श्री राम जन्मभूमि अयोध्या,श्री काशी विश्वनाथ मंदिर वाराणसी और श्री कृष्ण जन्मभूमि मंदिर मथुरा के लिए भी कानूनी लड़ाई लड़ी है।









