*मंत्री विजय शाह की बर्खास्तगी की मांग को लेकर कांग्रेस विधायकदल का जोरदार प्रदर्शन, सदन सोमवार तक स्थगित*
*विजय शाह मामले पर सरकार की चुप्पी साबित करती है कि देशभक्ति से ज्यादा उनके लिए मंत्री और वोट बैंक महत्वपूर्ण है: उमंग सिंघार*
आज मध्यप्रदेश विधानसभा के मानसून सत्र के पांचवें दिन नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार के नेतृत्व में कांग्रेस विधायकदल ने जनजातीय कार्य मंत्री विजय शाह की बर्खास्तगी की मांग को लेकर सदन में जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। मंत्री विजय शाह पर सेना और कर्नल सोफिया कुरैशी का सार्वजनिक रूप से अपमान करने का गंभीर आरोप है, लेकिन इसके बावजूद सरकार द्वारा अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है।
सत्र की कार्यवाही प्रारंभ होते ही कांग्रेस विधायकों ने विजय शाह को मंत्रिपद से हटाने की मांग उठाई। जब विपक्ष को इस विषय पर बोलने का अवसर नहीं दिया गया तो सभी विपक्षी विधायक सदन के भीतर ही धरने पर बैठ गए।
सदन से वॉकआउट करने के बाद जब दोबारा कार्यवाही शुरू हुई तो कांग्रेस विधायक अपनी मांग पर अड़े रहे। विपक्ष के अडिग विरोध के चलते अध्यक्ष ने सदन की कार्यवाही सोमवार तक स्थगित कर दी।
*मीडिया से बातचीत में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने कहा:*
सेना और एक महिला कर्नल का अपमान कोई छोटी बात नहीं है। विजय शाह का बयान न केवल अनुशासित सेना का अपमान है, बल्कि पूरे देश की भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाला है। लेकिन सरकार उन्हें लगातार संरक्षण दे रही है। उन्होंने कहा कि आज विजय शाह सदन में मौजूद रहे और सरकार की चुप्पी साबित करती है कि देशभक्ति से ज्यादा उनके लिए मंत्री और वोट बैंक महत्वपूर्ण है। कांग्रेस इस मुद्दे पर किसी भी सूरत में पीछे नहीं हटेगी और विजय शाह की बर्खास्तगी तक संघर्ष जारी रहेगा।
यह प्रदर्शन कांग्रेस विधायकदल की राष्ट्र के प्रति संवेदनशीलता और जवाबदेही की भावना को दर्शाता है, जहां देश की सेना और सम्मान से जुड़े हर मुद्दे पर कांग्रेस पूरी मजबूती से खड़ी है।









